ऑस्ट्रेलिया के जंगलों से आई इस भेड़ ने सोशल मीडिया पर मचा दी धूम

ऑस्ट्रेलिया के जंगलों से आई इस भेड़ ने सोशल मीडिया पर मचा दी धूम

दुनिया के कुछ हिस्‍सों से कभी-कभी हैरान करने वाली खबरें सामने आती है, जो एक चर्चा का विषय बन जाता है। ऐसी ही एक खबर ऑस्ट्रेलिया के जंगलों से आई है जहां एक ऐसी भेड़ पाई गयी है जिसने सोशल मीडिया पर धूम मचा दिया है। दरअसल ये भेड़ दिखने में तो और भेड़ जैसी ही है लेकिन इसके ऊपर 35 किलो ऊन की परत जमी हुई है।

मिली जानकारी के मुताबिक आस–पास के लोगों ने इस भेड़ को देखा तो ये ऊन की तरह दिख रहा था। लोगों ने इसे पकड़कर उसके रोएं काटे तो करीब 35 किलोग्राम ऊन निकाला गया। बताया जा रहा है की ये भेड़ कम से कम पांच साल तक जंगलों में भटकती रही। जिस वजह से उसके शरीर में ऊन की कटाई नहीं हो पाई।

ये भेड़ मेलबर्न के पशु बचाव सेंचुरी को विक्टोरियन स्टेट फॉरेस्ट में भटकती मिली थी। हाल ही में उसे बचाकर एनिमल रेस्क्यू सेंटर पर लाया गया। जहां इस भेड़ का खूब ख्याल रखा जा रहा है। इसी सेंटर पर भेड़ के शरीर से ऊन को अलग किया गया है। फार्म सेंचुरी के संस्‍थापक पैम अहेर्न ने कहा कि उन्‍हें विश्‍वास ही नहीं हुआ कि इस ऊन के ढेर के नीचे कोई भेड़ असल में जिंदा भी रह सकती है।

पार्म ने बताया कि रोएं इतने ज्‍यादा थे और कीचड़ की वजह से कड़े हो गए थे कि भेड़ को काफी परेशानी हो रही थी। इतना ही नहीं ज्‍यादा ऊन हो जाने की वजह से भेड़ ठीक से चल भी नहीं पा रही थी। उन्होंने कहा कि अगर ऊन को नहीं काटा जाता तो गर्मियों में शायद उसकी मौत भी हो सकती थी। फिलहाल यह भेड़ सुरक्षित है और इसकी देखभाल की जा रही है।


पाकिस्तान में बढ़ती जा रही है गधों की संख्या, वजह जानकर उड़ जायेंगे होश

पाकिस्तान में बढ़ती जा रही है गधों की संख्या, वजह जानकर उड़ जायेंगे होश

अक्सर पाकिस्तान अपने अजीबोगरीब कामों के लिए चर्चा में रहता है। लेकिन अब एक नया रिकॉर्ड बन गया है।पाकिस्तान में इमरान खान की सरकार आ जाने के बाद गधों की संख्या तेजी से बढ़ती जा रही है। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान में सालाना एक लाख गधों की आबादी बढ़ती जा रही है। 

बढ़ती जा रही है गधों की संख्या

इमरान खान की सरकार आने के बाद से 3 साल में 3 लाख गधों की संख्या बढ़ी है, इसके पीछे के वजह प्राकृतिक प्रजनन नहीं बल्कि कारोबार है। पाकिस्तान हर साल चीन को 80 हजार गधों का निर्यात करता है। चीन इन गधों के खाल का उपयोग कई प्रकार से किया जाता है गधे के मांस को खाने के साथ ही इसकी खाल से निकलने वाले जिलेटिन से कई प्रकार की दवाएं बनाई जाती है। 


दुनियाभर में गधों के मामले में तीसरा नंबर

आर्थिक सर्वेक्षण 2020-21 की रिपोर्ट के अनुसार पाकिस्तान में ऊंट, घोड़े और खच्चर सहित अन्य जानवरों की जनसंख्या वृद्धि 13 सालों से जस की तस है लेकिन गधों की संख्या सालाना 1 लाख बढ़ती जा रही है। मौजूदा समय में पाकिस्तान में 56 लाख गधे है, जो दुनियाभर में गधों के मामले में तीसरे नंबर पर है।