गोरखपुर रेलवे स्‍टेशन की प्‍लेटफार्म टिकटों की बिक्री शुरू, कीमत 30 रुपये निर्धारित

गोरखपुर रेलवे स्‍टेशन की प्‍लेटफार्म टिकटों की बिक्री शुरू, कीमत 30 रुपये निर्धारित

अपने स्वजन को छोड़ने रेलवे स्टेशन पहुंचने वाले लोगों के लिए राहत भरी खबर है। अब उन्हें जनरल काउंटरों पर प्लेटफार्म टिकट भी मिल जाएगा। रेलवे बोर्ड के दिशा- निर्देश पर पूर्वोत्तर रेलवे प्रशासन ने शुक्रवार से गोरखपुर जंक्शन पर प्लेटफार्म टिकटाें की बिक्री शुरू कर दी है। हालांकि, पहले दिन सिर्फ दस रुपये में टिकटों की बिक्री होने से लोगों को राहत हुई। शाम पांच बजे तक 268 प्लेटफार्म टिकट बिके। लेकिन शनिवार से प्लेटफार्मों पर महज दो घंटे रहने के लिए लोगों को तीस रुपये खर्च करने पड़ेंगे।

छोटे स्‍टेशनों के प्‍लेटफार्म टिकट 20 रुपये में

लखनऊ मंडल प्रशासन ने गोरखपुर और लखनऊ जंक्शन के लिए प्लेटफार्म टिकट का दाम 30 रुपये निर्धारित कर दिया है। अन्य छोटे स्टेशनों पर 20 रुपये में ही टिकट मिल जाएंगे। जानकारों के अनुसार कोरोना काल में स्टेशनों पर अनावश्यक भीड़ को रोकने के लिए रेलवे प्रशासन ने प्लेटफार्म टिकटों का दाम बढ़ाया है। ऐसे में जिनको बहुत जरूरी होगा वे ही प्लेटफार्म टिकट लेकर प्रवेश करेंगे।

शुक्रवार से शुरू है बिक्री, पहले दिन सिर्फ दस रुपये में बिका प्लेटफार्म टिकट

दरअसल, रेलवे बोर्ड के निर्देश पर लखनऊ मंडल प्रशासन ने टिकटों की बिक्री तो शुरू कर दी, लेकिन कीमत नहीं निर्धारित कर पाया था। शुक्रवार को देर शाम टिकटों के दाम निर्धारित कर लागू कर दिए गए। यहां जान लें कि वर्ष 2020 में लाकडाउन में यात्री ट्रेनों के साथ ही प्लटफार्म टिकटों की बिक्री भी बंद हो गई थी। स्थिति सामान्य होने के बाद रेलवे प्रशासन ने 24 मार्च 2021 से गोरखपुर और लखनऊ में 50 रुपये में तथा अन्य छोटे स्टेशनों पर 30 रुपये में प्लेटफार्म टिकटों की बिक्री शुरू कर दी। लेकिन 22 दिन भी प्लेटफार्म टिकट की बिक्री नहीं हो पाई। कोरोना की दूसरी लहर में रेलवे प्रशासन को 14 अप्रैल 2021 से प्लेटफार्म टिकटों की बिक्री फिर से बंद करनी पड़ी।


UP: योगी सरकार के मंत्री का मायावती पर हमला, कहा...

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उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के अयोध्या (Ayodhya) पहुंचे सूबे के श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य (Labor Minister Swami Prasad Maurya) ने बहुजन समाज पार्टी के ब्राह्मण सम्मेलन को लेकर बड़ा बयान दिया स्वामी प्रसाद मौर्य ने ब्राह्मणों की जमकर प्रशंसा की उन्होंने बोला कि जैसे-जैसे विधानसभा चुनाव (UP Assembly Election 2022) समीप आता जा रहा है, सभी पार्टियां ब्राह्मणों की जमकर प्रशंसा कर रही है उनको लुभाने के लिए सभी पार्टियां तरह-तरह के लुभावने बातें कह रही है  शनिवार को अयोध्या पहुंचे श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्या ने बोला कि दलित मायावती का साथ छोड़ चुका है बीएसपी को अब अपने दलित मतदाताओं पर भरोसा नहीं रहा

श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्या (Swami Prasad Maurya)  ने ब्राह्मणों की प्रशंसा करते हुए बोला कि ब्राह्मण सबसे अधिक इस देश का बुद्धिजीवी, पढ़ा लिखा और समझदार मतदाता है ब्राम्हण किसी के झांसे बहकावे और प्रलोभन में आने वाला नहीं है ब्राह्मण हमेशा देश की दशा और दिशा तय करता आया है

कभी बीएसपी कार्यकाल में कद्दावर मंत्री थे  स्वामी प्रसाद मौर्य

स्वामी प्रसाद मौर्य ने बोला कि ब्राह्मण सियासी  और सामाजिक स्तर पर उचित अनुचित को अच्छी तरह से समझता है यही नहीं ब्राह्मण खुद अपने विवेक से फैसला लेता है वह किसी के झुनझुना बजाने से बच्चों की तरह उसके पीछे नहीं दौड़ेगा ब्राम्हण स्वयं बहुत समझदार है कभी बीएसपी कार्यकाल के कद्दावर मंत्री रहे स्वामी प्रसाद मौर्य ने बोला कि बीएसपी का ब्राह्मण सम्मेलन फ्लॉप शो साबित होगा स्वामी प्रसाद मौर्या बहुजन समाज पार्टी  कार्यकाल में भी मंत्री रह चुके हैं श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य आज पूर्व सिंचाई मंत्री मराठी लोक दल के प्रदेश अध्यक्ष रहे स्वर्गीय मुन्ना सिंह के पांचवीं पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में शामिल होने अयोध्या के सोहावल महोली गांव पहुंचे थे इस श्रद्धांजलि प्रोग्राम में प्रदेश के जल शक्ति मंत्री डाक्टर महेंद्र सिंह भी शामिल हुए

बसपा-सपा पर गरजे अठावले

यूपी में अपने पक्ष में माहौल बनाने के लिए अठावले ने 26 सितंबर से बहुजन कल्याण यात्रा भी निकाले जाने का ऐलान कर सपा, बीएसपी और कांग्रेस पार्टी के साथ ममता बनर्जी पर भी जमकर निशाना साधा है केन्द्रीय मंत्री रामदास अठावले ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात के बाद आज सीएम योगी से मुलाकात कर यूपी के मुस्लिम-दलित बहुल क्षेत्रों में बीएसपी को टक्कर देने के लिए RPI के प्रत्याशियों को भी चुनाव लड़ाने की मांग की है इस दौरान राम दास अठावले ने बीएसपी के जनाधार में लगातार कमी आने की बात कहते हुए जहां अब अपने बलबूते पर मायावती को सत्ता में न आ पाने की बात कही, तो वही सपा और कांग्रेस पार्टी द्वारा भी उत्तर प्रदेश में सरकार न बना पाने के साथ इस बार उत्तर प्रदेश में 325 की स्थान 375 सीटें आने का दावा किया