इलाज में ढिलाई पर सीएम योगी बहुत नाराज, कई डॉक्टरों पर कार्रवाई की तैयारी

इलाज में ढिलाई पर सीएम योगी बहुत नाराज, कई डॉक्टरों पर कार्रवाई की तैयारी

कानपुर मेडिकल कॉलेज में उपचार प्रबंधन को लेकर सीएम ने असंतोष जताया है. उन्होंने सीनियर डॉक्टरों के राउंड नहीं लेने, मरीजों और तीमारदारों के साथ ठीक व्यवहार नहीं करने पर मेडिकल कॉलेज प्राचार्य को फटकार लगाई है. जिलाधिकारी ने देर रात प्राचार्य प्रो आरबी कमल को नोटिस दी है. 24 घंटे में स्थिति सुधारने को बोला है.

मुख्यमंत्री वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से अफसरों से चर्चा कर रहे थे. उन्होंने मौतों को लेकर अफसरों पर तल्खी जाहिर की. दरअसल मुख्यमंत्री को स्रोतों से यह जानकारी मिल रही है कि कोविड मरीजों की देखरेख में ढिलाई हो रही है. जूनियर डॉक्टरों के सहारे उपचार चल रहा है. कोविड मरीजों को नहीं देख रहे हैं. मौतों का ब्योरा पोर्टल पर देर से दर्ज हो रहा है. इसे लेकर सीएम ने नाराजगी जताई है. उसी कड़ी में जिलाधिकारी आलोक तिवारी ने रात नोटिस जारी करके सभी बिंदुओं पर मेडिकल कॉलेज का ध्यान दिलाया है.

एक दर्जन डॉक्टरों पर कार्रवाई की तैयारी 
कानपुर जिलाधिकारी से नोटिस मिलने के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन के ऑफिसर हरकत में आए. प्राचार्य प्रो आरबी कमल ने एक दर्जन डॉक्टरों और कर्मचारियों को डाटा फीडिंग में ढिलाई के मुद्दे में नोटिस दी है. प्राचार्य के अनुसार कि डीएम के नोटिस के संज्ञान में उत्तरदायी डॉक्टरों और कर्मचारियों से स्पष्टीकरण मांगा गया है. अब दो डॉक्टर और दो कर्मचारी डाटा अपडेट करने के लिए 24 घंटे तैनात किए गए हैं.


गोरखपुर में रोहिन नदी खतरे के निशान से एक मीटर ऊपर, कैंपियरगंज क्षेत्र में लगाई गई नाव

गोरखपुर में रोहिन नदी खतरे के निशान से एक मीटर ऊपर, कैंपियरगंज क्षेत्र में लगाई गई नाव

जिले की नदियों का जलस्तर बढ़त पर है। रोहिन नदी खतरे के निशान से करीब एक मीटर ऊपर बह रही है। ऐसे में कैंपियरगंज तहसील क्षेत्र के दो गांवों में रास्ता बाधित होने के कारण नाव लगा दी गई है। तहसील क्षेत्र के ग्राम चंदीपुर एवं गुढ़ेली टोला कोमर में नाव लगाई गई है। लोग अपने घर का जरूरी सामान लेकर बंधे की ओर भी जा रहे हैं। इधर राप्ती नदी का जलस्तर चेतावनी स्तर के करीब पहुंच गया है यानी खतरे के बिन्दु से लगभग एक मीटर नीचे राप्ती बह रही है और जलस्तर में वृद्धि जारी है। सरयू नदी भी अयोध्या पुल के पास चेतावनी स्तर के करीब है। आने वाले 24 से 48 घंटों में यहां भी जलस्तर में और बढ़ोत्तरी देखने को मिल सकती है। जिला प्रशासन की ओर से जिले में एलर्ट जारी कर दिया गया है। सभी 86 बाढ़ चौकियों को सक्रिय कर दिया गया है। बाढ़ पीडि़तों में राशन सामग्री एवं कोरोना से बचाव का किट बांटने के लिए टेंडर भी खोला जाएगा।

सभी बांधों के निरीक्षण के लिए टीम ग‍ठित

नदियों का जलस्तर बढऩे के साथ ही वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से मानीटरिंग की जा रही है। सभी क्षेत्र में बंधों का निरीक्षण करने के लिए टीमों को लगाया गया है। सदर तहसील क्षेत्र में कुछ स्थानों पर रैट होल मिले। यहां कुछ दिन पहले ही बंधे के गैप को बोरे से भरा गया था लेकिन शुक्रवार को एक बार फिर वहां मिट्टी धंसने लगी। ङ्क्षसचाई विभाग के अधिकारियों को इस बात की जानकारी देकर बंधे को दुरुस्त करने को कहा गया है। जिले की सभी बाढ़ चौकियों पर जरूरी सामान उपलब्ध कराकर वहां बैनर लगाने व बैनर पर चौकी प्रभारी सहित सभी कर्मियों के नाम, पदनाम व मोबाइल नंबर दर्ज करने को कहा गया है। जिला आपदा विशेषज्ञ गौतम गुप्ता ने बताया कि नदियों का जलस्तर धीरे-धीरे बढ़ रहा है। रोहिन नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर है, दो स्थानों पर जरूरत थी, इसलिए नाव लगा दी गई है। बाढ़ पीडि़तों के लिए खाद्य सामग्री भी कल जुटा ली जाएगी।

मंडलायुक्त रवि कुमार एनजी शनिवार को देवरिया जाएंगे और वहां बाढ़ बचाव तथा टीकाकरण कार्य की समीक्षा करेंगे। रविवार को गोरखपुर में सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता एवं अपर जिलाधिकारियों के साथ बैठक कर स्थिति का जायजा लेंगे और लोगों की सहायता के लिए जरूरी दिशा-निर्देश देंगे।