कोरोना संक्रमण से ठीक हुए मरीजों में मिली नई बीमारी

कोरोना संक्रमण से ठीक हुए मरीजों में मिली नई बीमारी

देश में कोरोना वायरस (coronavirus) की दूसरी लहर लोगों पर कहर बरपा रही है। कोरोना संक्रमित मरीजों को अस्पतालों में बेड और ऑक्सीजन (oxygen) नहीं मिल रहे। वहीं दूसरी तरफ एक ऐसी खबर सामने आई है जिसे सुनने के बाद आप कोरोना से बचाव के लिए और सतर्क हो जाएंगे । कोरोना की दूसरी लकर में संक्रमित मरीज के ठीक होने के बाद एक नई बीमारी का तेजी से शिकार हो रहे हैं जिसके चलते समय पर इलाज न होने पर मरीजों की आंख निकालनी पड़ रही है या फिर उनकी मौत हो रही है ।

इस नई बीमारी का नाम मिकोर माइकोसिस (mucor Mycosis) बताया जा रहा है । सूरत में 15 दिन के भीतर ऐसे 40 से अधिक केस सामने आए हैं, जिनमें 8 मरीजों की आखें निकालनी पड़ी हैं । सूरत में एक तरफ कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़ती जा रही है। मरीजो की संख्या इतनी बढ़ गई है कि अस्पतालों में बेड नहीं मिल रहे । ऑक्सीजन की भी किल्लत हर जगह देखने को मिल रही है । इसके बाद अब इस नई बीमारी के चलते लोग और ज्यादा डरे हुए हैं ।

ना करें इसे नजरअंदाज
बताया जा रहा है कि ये बीमारी इतनी खतरनाक है कि समय पर इसका इलाज न होने पर मरीज की आंख निकालनी पड़ रही है या उसकी मौत हो जा रही है । कोरोना के पहले फेज में इस बीमारी के बारे में बहुत जानकारी नहीं मिल पाई थी । लेकिन कोरोना की दूसरी लहर में इसके केस अधिक सामने आ रहे हैं । कोरोना से संक्रमित होने के बाद मरीज आंख दर्द, सिर दर्द आदि को इग्नोर करता है । यही बीमारी मरीज को बाद में भारी पड़ती है। डॉक्टर बताते हैं कि कोरोना से ठीक होने के बाद यह फंगल इंफेक्शन पहले साइनस में होता है जिसके 2-4 दिनों के भीतर आंख तक पहुंच जाता है और इसके 24 घंटे में यह ब्रेन तक पहुंच जाता है । इसके चलते आंख निकालनी पड़ सकती है या फिर मरीज की मौत भी हो सकती है ।

इन लोगों को ज्यादा खतरा
उन लोगों में इस बीमारी का ज्यादा खतरा बना हुआ है जिन्हें डायबिटीज है । अगर किसी को सिर में असहनीय दर्द, आंख लाल होना, तेज दर्द होना और पानी गिरना, आंख का मूवमेंट नहीं होना जैसे लक्षण मिलें तो तुरंत इलाज लेने की जरूरत है ।


खत्म होने लगा है महामारी की दूसरी लहर का प्रकोप, 74 दिनों बाद देश में सबसे कम सक्रिय मामले

खत्म होने लगा है महामारी की दूसरी लहर का प्रकोप, 74 दिनों बाद देश में सबसे कम सक्रिय मामले

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से शनिवार सुबह देश भर में कोविड-19 के आंकड़ों को जारी किया गया। इसके अनुसार भारत में पिछले 24 घंटों के दौरान 60,753 नए मामले सामने आए और 1,647 संक्रमितों की मौत हो गई।  स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, देश में अब कोरोना वायरस के सक्रिय मामले 74 दिनों बाद सबसे कम हैं। रिकवरी रेट बढ़कर 96.16 फीसद हो गया है और दैनिक पॉजिटिविटी रेट 2.98 फीसद है।

कोरोना वैक्सीनेशन का आंकड़ा- 27,23,88,783

देश में पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस की 33,00,085 वैक्सीन लगाई गईं। इसके अलावा 97,743 लोग संक्रमण से स्वस्थ हुए। देश में महामारी से बचाव के लिए 16 जनवरी को वैक्सीनेशन अभियान की शुरुआत हुई थी। इसके तहत अब तक 27,23,88,783 खुराकें दी जा चुकी हैं।


2,86,78,390 लोग दे चुके कोरोना को मात

अब तक देश में कुल संक्रमितों का आंकड़ा 2,98,23,546 है और मरने वालों की संख्या 3,85,137 है। सक्रिय मामलों की बात करें तो फिलहाल यहां 7,60,019 लोग संक्रमण से जूझ रहे हैं और 2,86,78,390 लोग अब तक कोरोना को मात दे चुके हैं। 

भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) के अनुसार, भारत में कल कोरोना वायरस के लिए 19,02,009 सैंपल टेस्ट किए गए, कल तक कुल 38,92,07,637 सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं।


महामारी का वैश्विक  प्रकोप 

2019 के अंत में चीन के वुहान में कोरोना संक्रमण का पहला मामला सामने आया था। इसके बाद से अब तक पूरी दुनिया में महामारी बने इस संक्रमण ने 177,753,055 लोगों को अपने चपेट में ले लिया और 3,849,115 संक्रमितों की मौत हो चुकी है। महामारी की शुरुआत से ही दुनिया के तमाम देशों में सबसे अधिक अमेरिका के हालात खराब रहे। यहां अब तक कुल 33,519,262 लोग संक्रमित हुए और 601,281 लोगों की मौत हो चुकी है।