भवानीपुर की चुनावी जंग में बीजेपी ने उतारे स्‍टार प्रचारक, एजेंडा में वैक्‍सीन घोटाला और हिंसा

भवानीपुर की चुनावी जंग में बीजेपी ने उतारे स्‍टार प्रचारक, एजेंडा में वैक्‍सीन घोटाला और हिंसा

कोलकाता पश्चिम बंगाल (West Bengal) की भवानीपुर विधानसभा सीट (Bhabanipur Assembly Bypolls) पर 30 सितंबर को उपचुनाव होना है इसमें भाजपा (BJP) और तृणमूल कांग्रेस पार्टी (TMC) के बीच कड़ा मुकाबला है इस बीच भाजपा ने बड़ी संख्‍या में स्‍टार कैंपेनर्स को चुनावी मैदान में प्रचार के लिए उतार दिया है ये स्‍टार प्रचारक (Star Campaigner) डोर-टू डोर मुलाकात, खुली बैठकें और नुक्‍कड़ नाटक करके भाजपा के लिए मतदाताओं का समर्थन जुटाने का कोशिश करेंगे भाजपा की ओर से इस दौरान 20 से 27 सितंबर के बीच ममता बनर्जी के बेकार शासन और चुनाव बाद हिंसा के मामले उठाए जाएंगे

भवानीपुर सीट पर 30 सितंबर को उपचुनाव है और इसके नतीजे 3 अक्‍टूबर को घोषित किए जाएंगे टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी को मुख्‍यमंत्री पद पर बने रहने के लिए यह उपचुनाव जीतना बहुत महत्वपूर्ण है हालांकि भाजपा ने पश्चिम बंगाल और अन्य राज्यों के 20 नेताओं को स्‍टार प्रचारक के रूप में उतारने का निर्णय लिया है इनमें स्मृति ईरानी, मनोज तिवारी, हरदीप सिंह पुरी और सैयद शाहनवाज हुसैन शामिल हैं

ये सभी नेता स्‍टार प्रचारक के रूप में भाजपा प्रत्‍याशी प्रियंका टिबरेवाल के लिए भवानीपुर में प्रचार करेंगे हरदीप सिंह पुरी, स्‍मृति ईरानी और शहनवाज हुसैन मारवाड़ी, गुजराती, सिख और अल्पसंख्यक मतदाताओं को एकजुट करने पर ध्यान केंद्रित करेंगे वहीं मनोज तिवारी बिहारियों और यूपी के मतदाताओं पर ध्यान केंद्रित करेंगे एक अन्य स्टार प्रचारक दिनेश त्रिवेदी भी केंद्रीय नेताओं को उम्मीदवार प्रियंका टिबरेवाल के लिए अनुकूल स्थिति बनाने के लिए ठीक दिशा में मार्गदर्शन करने में जरूरी किरदार निभाएंगे

स्‍टार प्रचारकों में इनके अतिरिक्त बाबुल सुप्रियो, अग्निमित्र पॉल, रूपा गांगुली, सुवेंदु ऑफिसर और लॉकेट चटर्जी भी शामिल हैं ये सभी मुख्य रूप से बंगाली निवासियों के वर्चस्व वाले वार्डों पर ध्यान केंद्रित करेंगे यह पता चला है कि बंगाल के विकास में रुकावट उत्‍पन्‍न करने वाले प्रमुख मुद्दों पर वार्ता के लिए प्रत्‍येक नेता दो प्रोग्राम करेंगे

भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र के करीबी विश्लेषण से पता चला है कि वहां अधिकतर मतदाता हिंदू हैं, उनकी सहभागिता करीब 83.2 प्रतिशत है 83.2 फीसदी हिंदुओं में से लगभग 16 प्रतिशत मारवाड़ी हैं, 1.5 प्रतिशत सिख हैं, 2.5 प्रतिशत गुजराती हैं और शेष 63.2 प्रतिशत हिंदू बंगाली हैं

दिल्ली से स्टार प्रचारकों के यात्रा प्रोग्राम के बारे में पूछे जाने पर भवानीपुर के लिए भाजपा की प्रचार समिति के अध्यक्ष रुद्रनील घोष ने बोला कि केंद्रीय नेताओं की यात्रा को आखिरी रूप दिया जाना बाकी है, लेकिन वे 20 सितंबर से एक-एक करके प्रचार करेंगे इनका आखिरी शेड्यूल 17 सितंबर तक जारी किया जाएगा

मतदाताओं के सामने भाजपा की ओर से रखे जाने वाले मुद्दों पर उन्‍होंने कहा, ‘हमारा अभियान चुनाव के बाद की हिंसा, कट मनी और सिंडिकेट राज के कारण बिज़नस मैन समुदाय के सामने आने वाली समस्याओं, बेरोजगारी के मुद्दे, संविदा शिक्षक के मुद्दे, औद्योगीकरण की कमी की नीति, महिला सुरक्षा, कोविड -19 टीकाकरण घोटाला और नौकरशाही और प्रशासन के सियासी रण पर केंद्रित होगा

उन्होंने आगे कहा, ‘कोई भी बिज़नस मैन भवानीपुर में सत्तारूढ़ पार्टी के विरूद्ध खुलेतौर पर कोई टिप्पणी नहीं करेगा क्योंकि उन्हें डर है कि लोकल नेताओं द्वारा उन्हें परेशान किया जाएगा टीएमसी ने मनमानी की सारी हदें पार कर दी हैं बंगाल में अपना कार्य करवाने के लिए घूस के तौर पर पैसे खर्च करने पड़ते हैं हम सभी को उजागर करेंगे स्टार प्रचारक बेनकाब करेंगे कि ममता बनर्जी का यह चुनाव केवल अपनी कुर्सी बचाने के लिए क्यों है जबकि प्रियंका के लिए यह बंगाल को टीएमसी के कुशासन से बचाने की लड़ाई है 

घोष ने बताया कि स्टार प्रचारक ममता बनर्जी द्वारा केंद्रीय योजनाओं को रोकने के कारण लोगों की कठिनाई को उजागर करेंगे हम वार्ड के लोगों को बताएंगे कि कैसे प्रदेश की सीएम हमारे पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा प्रारम्भ की गई कल्याणकारी योजनाओं का नाम बदलकर लोगों को बेवकूफ बना रही हैं


आधुनिक वार्निग प्रणाली से कारों की तेज रफ्तार पर ब्रेक लगाने की तैयारी, दुर्घटनाओं पर लगेगी लगाम

आधुनिक वार्निग प्रणाली से कारों की तेज रफ्तार पर ब्रेक लगाने की तैयारी, दुर्घटनाओं पर लगेगी लगाम

विभिन्न भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों (आइआइटी) के शोधकर्ता वाहनों के लिए अपनी तरह के पहले 'स्मार्ट स्पीड वार्निंग सिस्टम' को विकसित करने की दिशा में काम कर रहे हैं, जो सड़क के बुनियादी ढांचे और भौगोलिक स्थिति के आधार पर चालक को वाहन की तेज गति से हो सकने वाली दुर्घटनाओं से बचने के लिहाज से सतर्क करेगा।सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक भारत में करीब 70 फीसदी सड़क दुर्घटनाएं वाहन की तेज गति के कारण होती हैं। ऐसी दुर्घटनाओं को कम से कम करने के लिए सरकार ने एक जुलाई, 2019 के बाद बिकने वाली सभी नई कारों में गति नियंत्रण उपकरण लगाना अनिवार्य कर दिया है। वाहन की गति 80 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक होने पर यह उपकरण चेतावनी स्वरूप बीच-बीच में बीप की आवाज करेगा और 120 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक रफ्तार होने पर बीप की आवाज लगातार होगी।


हालांकि आइआइटी गुवाहाटी और आइआइटी बंबई के शोधकर्ताओं का मानना है कि गति नियंत्रण उपकरण में उतनी बुद्धिमता नहीं है कि यह पहाड़ी क्षेत्रों, मैदानी इलाकों या रेगिस्तानी स्थानों समेत हर जगह प्रभावी रूप से काम कर सके।आइआइटी गुवाहाटी में सिविल इंजीनियरिंग के प्रोफेसर अखिलेश कुमार मौर्य ने कहा, 'स्मार्ट स्पीड वार्निंग सिस्टम विकसित करने की जरूरत है जो सड़क के ढांचे के मुताबिक गति के बारे में बता सके और तेज गति से हो सकने वाले हादसों को रोका जा सके।'