जानिए कैसे ऑफिस में तेजी से फैलता है वायरस, ऐसे करी बचाव

जानिए कैसे ऑफिस में तेजी से फैलता है वायरस, ऐसे करी बचाव

 चीन के वुहान शहर से कोरोना वायरस की आरंभ हुई थी, जिसने अब महामारी का रूप ले लिया है. मौजूदा वक्त में दुनियाभर के करीब 140 से ज्यादा देश में कोरोना वायरस फैल चुका है. 

इससे अब तक साढ़े पांच हज़ार से ज्यादा लोगों की मृत्यु हो चुकी है. कोरोना वायरस की वजह से लोग घरों में कैद हैं. वहीं लाखों की तादाद में लोग कार्यालयों को छोड़ वर्क फ्रार्म होम कर रहे हैं. स्वास्थ्य विशेषज्ञ के मुताबिक, कार्यालय में वायरस फैलने का ज्यादा भय रहता है. संसार के ज्यादातर राष्ट्रों की सरकारों ने अपने नागरिकों को कार्यालय की स्थान घर से कार्य करने की सलाह दे रहे हैं.


जानिए कैसे ऑफिस में तेजी से फैलता है वायरस
कार्यस्थल में कोरोनावायरस तेजी से फैलता है. इसकी सबसे बड़ी वजह है कि कार्यालय में हर कोई भिन्न-भिन्न माहौल से आ रहा होता है. शोधकर्ताओं के मुताबिक, कीटाणु, वायरस व बैक्टेरिया को कार्यालय में तेजी से फैलने में मदद मिलता है. कार्यालय के डेस्क से लेकर रोशनी व गेट के हैंडल से लेकर नल पर आपकी स्पर्श होती हैं. यह स्पर्श सिर्फ एक आदमी तक सीमित नहीं रहता बल्कि कार्यालय में कार्य कर रहे हर वर्ग, हर तरह के कर्मचारियों का होता है. किसी सहकर्मी के खांसने या छींकने से इन उपकरणों पर वायरस फैल सकते हैं व आपके संक्रमित होने का खतरा रहता है. एरिजोना विश्वविद्यालय में कॉलेज ऑफ पब्लिक हेल्थ के एक शोधकर्ता जोनाथन सेक्सटन के मुताबिक, रेफ्रिजरेटर, दराज के हैंडल, नल के हैंडल, एक्जिट व एंट्री गेट के हैंडल व कॉफी के मग जैसी जगहों पर सबसे अधिक मात्रा में कीटाणु पाया जाता है.


हवा में फैलता है वायरस
वायरस का सबसे बड़ा जोखिम हवा के माध्यम से फैलना है. नेब्रास्का विश्वविद्यालय में कॉलेज ऑफ पब्लिक हेल्थ UNMC में महामारी पर शोध कर रहे प्रोफेसर डॉ अली खान के मुताबिक, अगर कोई आदमी बीमार है व कार्यालय में अपने डेस्क पर छींकता या खांसता है तो कीटाणु की छोटी-छोटी बूंदें के जरिए हवा में फैलता है व उस जगह को संक्रमित करता है. इसके बाद उसके सम्पर्क या उस जगह पर बैठने भर से अगला आदमी संक्रमित होने कि सम्भावना है. इसके साथ अगर किसी की प्राइवेट डेस्कट भी है, तो उससे भी कोरोना वायरस फैलने का भय होने कि सम्भावना है.


हवा में भी कुछ देर तक रह सकता है कोरोना
WHO के डायरेक्टर जनरल टेड्रो एडेनॉम गैब्रिएसस के मुताबिक, 'कोरोना एयरबॉर्न यानी हवा से भी फैलने वाला वायरस है, इसलिए ये व भी ख़तरनाक है, आप सबने देखा है कैसे ये देखते ही देखते 24 राष्ट्रों में फैल चुका है." इसके अतिरिक्त 16 मार्च को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में WHO में एमरजिंग डिज़िज़ की हेड चिकित्सक मारिया केराकोव ने कहा, "एक हालिया स्टडी में सामने आया है कि कोरोना वायरस हवा में भी कुछ देर तक रह सकता है. इस रिपोर्ट में 'एरोलाइज़' की बात कही गई है जिसका मतलब ये वायरस का हवा में सामान्य से ज़्यादा देर तक रह सकते हैं." हेल्थ केयर फैसिलिटी यानी अस्पतालों में कार्य करने वाले कर्मचारियों को इसका ज़्यादा ख़तरा है. इसलिए, कर्मचारियों को ज़्यादा सावधान रहने व एयरबॉर्न प्रिकॉशन लेने की ज़रूरत है, लेकिन आम लोगों को हर वक़्त मेडिकल मास्क पहनने की ज़रूरत नहीं हैं जब तक आपको ख़ुद संक्रमण ना हो या आप किसी संक्रमित शख़्स के साथ रह रहे हो."


हैंडवाश करते रहें
अपने कार्यस्थल पर आप एक नियमित अंतराल पर अपने हाथ साफ करते रहें. दुनिया स्वास्थ्य संगठन का बोलना है कि संक्रमण से बचाव के लिए दिनभर में पांच बार हाथ धोना महत्वपूर्ण है. हाथ को साफ बहते हुए ठंडे या गर्म पानी में धोएं. साबुन व्यक्तिगत हो या फिर लिक्विड हैंडवाश हो तो ज्यादा बेहतर है. 20 सेकंड तक दोनों हाथों को अच्छे से रंगड़कर साफ करें. साफ रूमाल, तौलिए से हाथ को अच्छे से पोछ लें या एयर ड्रायर से हाथ को सुखा लें.


सैनिटाइजर पास रखें, चेहरा न छुएं
बार-बार हैंडवाश के लिए वाशरूम जाना संभव न हो तो आप अपने पास हैंड सैनिटाइजर रख सकते हैं. आप खुद से तय करें कि किस कार्य के बाद आपको अपने हाथ साफ करने चाहिए. कार्य करते वक्त आप प्रयास करें कि हाथों से अपने चेहरे को न छुएं. यूनिवर्सिटी ऑफ न्यू साउथ वेल्स के अध्ययन के मुताबिक एक आदमी एक घंटे में 23 बार अपना चेहरा छूता है. इसलिए डॉक्टर लोगों को आंख, नाक व चेहरा छूने से मना कर रहे हैं. अमेरिका के सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल प्रिवेंशन(CDC) के मुताबिक कार्यस्थल में कर्मियों को ऑफिसेज डिस्पोजेबल वाइप्स(पोछने के लिए) दिया जाना चाहिए. ऐसा इसलिए कि दरवाजों के हैंडिल, लिफ्ट के बटन, डेस्क, टीवी या एसी के रिमोट वगैरह छूने से पहले उसे वाइप्स से पोछ कर साफ कर लें. आप अपने Smart Phone की स्क्रीन भी साफ करते रहें. ऐसा करने से भी वायरस को फैलने से रोका जा सकता है.